विकास नंद/ सर्वव्यापी
किसानों को निर्धारित दर पर गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन सख्त रुख अपनाए हुए है। कलेक्टर विनय लंगेह के निर्देश पर कृषि विभाग द्वारा उर्वरक भंडारण एवं वितरण व्यवस्था की लगातार निगरानी की जा रही है।इसी क्रम में 16 मई 2026 को अनुविभागीय कृषि अधिकारी सरायपाली एवं वरिष्ठ कृषि अधिकारी बसना द्वारा पदमपुर रोड स्थित विजय कृषि केन्द्र, बंसुलाडीपा (बसना) का औचक निरीक्षण किया गया। जांच के दौरान दुकान में उर्वरक की मूल्य सूची प्रदर्शित नहीं पाई गई, बिल बुक का संधारण नहीं किया गया था तथा पॉस मशीन के स्टॉक और भौतिक स्टॉक में अंतर पाया गया।अनियमितताओं को गंभीरता से लेते हुए संबंधित फर्म को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। फर्म द्वारा प्रस्तुत जवाब संतोषजनक नहीं पाए जाने पर उर्वरक नियंत्रण आदेश, 1985 के प्रावधानों के उल्लंघन के तहत विजय कृषि केन्द्र बंसुला का उर्वरक प्राधिकार पत्र (लाइसेंस) निरस्त कर दिया गया है।उप संचालक कृषि एफ.आर. कश्यप ने बताया कि जिले में उर्वरक विक्रेताओं की नियमित जांच जारी है। यदि कोई विक्रेता उर्वरक नियमों का उल्लंघन करते हुए पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध उर्वरक नियंत्रण आदेश के तहत नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसानों के हितों से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा और खाद वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित की जाएगी।