विकास नंद/ सर्वव्यापी

नगर के प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थान ईवास वूडलैंड स्कूल का सिल्वर जुबली (25वीं वर्षगांठ) समारोह बड़े उत्साह और गरिमामय वातावरण में आयोजित किया गया। शिक्षा के क्षेत्र में विद्यालय के उल्लेखनीय योगदान और 25 वर्षों की उपलब्धियों का जश्न मनाने के लिए आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, अभिभावकों एवं नागरिकों की उपस्थिति रही।समारोह में बतौर मुख्य अतिथि क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों सहित महासमुंद सांसद, क्षेत्रीय विधायक, विकासखंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ), अनुविभागीय अधिकारी पुलिस (एसडीओपी), नगर पालिका सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों को आमंत्रित किया गया। विद्यालय परिवार ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, सम्मान समारोह और विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से अपनी उपलब्धियों को साझा किया।हालांकि, कार्यक्रम की भव्यता के बीच एक विषय चर्चा का केंद्र बन गया। समारोह के लिए जारी किए गए निमंत्रण पत्र में शिक्षा विभाग के महत्वपूर्ण अंग ब्लॉक रिसोर्स सेंटर (बीआरसी) का उल्लेख नहीं किए जाने को लेकर शिक्षा जगत और स्थानीय लोगों के बीच तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।जानकारों का कहना है कि बीआरसी शिक्षा विभाग की महत्वपूर्ण इकाई है, जो विद्यालयों के शैक्षणिक संचालन, शिक्षकों के प्रशिक्षण, गुणवत्ता सुधार और विभिन्न सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में अहम भूमिका निभाती है। ऐसे में शिक्षा से जुड़े इतने बड़े आयोजन के निमंत्रण पत्र में बीआरसी का नाम शामिल नहीं होना कई सवाल खड़े कर रहा है।स्थानीय स्तर पर यह भी चर्चा है कि जब शिक्षा विभाग के अन्य अधिकारियों को निमंत्रण में प्रमुखता से स्थान दिया गया, तब बीआरसी को नजरअंदाज किया जाना महज संयोग है या फिर यह एक जानबूझकर की गई चूक, इस पर लोगों की अलग-अलग राय सामने आ रही है।हालांकि, विद्यालय प्रबंधन की ओर से इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। यदि यह केवल त्रुटिवश हुआ है तो इसे स्पष्ट किया जाना आवश्यक माना जा रहा है, ताकि किसी प्रकार की भ्रांति की स्थिति उत्पन्न न हो।फिलहाल, विद्यालय के सिल्वर जुबली समारोह की सफलता के साथ-साथ निमंत्रण पत्र से बीआरसी का नाम गायब रहने का मुद्दा भी नगर और शिक्षा जगत में चर्चा का विषय बना हुआ है।