तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी

छत्तीसगढ़ के पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में इन दिनों प्रशासनिक कार्यशैली को लेकर असंतोष खुलकर सामने आने लगा है। विभाग की संचालक प्रियंका महोबिया को पद से हटाने की मांग को लेकर मामला अब राजनीतिक स्तर तक पहुंच गया है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक घटनाक्रम के अनुसार, इस मुद्दे को लेकर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह से उनके निवास पर मुलाकात कर विस्तृत चर्चा की गई।वायरल जानकारी के मुताबिक, मुलाकात के दौरान पंचायत विभाग की कार्यप्रणाली, आम नागरिकों और कर्मचारियों की शिकायतों तथा कथित प्रशासनिक उदासीनता पर गंभीर सवाल उठाए गए। यह भी कहा गया कि यदि कोई उच्च अधिकारी जनता या अधीनस्थ कर्मचारियों के हित में कार्य नहीं करता, तो उसे उस पद पर बने रहने का अधिकार नहीं होना चाहिए।बताया जा रहा है कि डॉ. रमन सिंह ने इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित पंचायत मंत्री को पत्र लिखकर आवश्यक कार्रवाई करने की बात कही है। उनके इस आश्वासन के बाद अब नजरें राज्य सरकार और पंचायत मंत्री के निर्णय पर टिकी हुई हैं।सोशल मीडिया पर यह मुद्दा तेजी से वायरल हो रहा है, जहां बड़ी संख्या में लोग पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग कर रहे हैं। अब यह देखना अहम होगा कि सरकार इस मामले में क्या रुख अपनाती है और क्या विभागीय स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई की जाती है।