तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी
गर्मी की छुट्टियों में बच्चों की रचनात्मकता और प्रतिभा को नई दिशा देने के उद्देश्य से संस्कृति विभाग द्वारा आयोजित लोकप्रिय “आकार” समर कैंप इस वर्ष नए स्वरूप में शुरू होने जा रहा है। इस बार कैंप में पहली बार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित एक्टिविटी को शामिल किया गया है, जिससे बच्चों को आधुनिक तकनीक और रचनात्मक शिक्षा का अनूठा अनुभव मिलेगा।संस्कृति विभाग के इस बहुप्रतीक्षित समर कैंप की शुरुआत 25 मई से होगी। विभाग ने इस बार आम परिवारों को राहत देते हुए कैंप शुल्क में भी बड़ी कटौती की है। पहले जहां प्रतिभागियों से 200 रुपये शुल्क लिया जाता था, वहीं अब इसे घटाकर मात्र 100 रुपये कर दिया गया है, ताकि अधिक से अधिक बच्चे इसमें शामिल होकर अपनी प्रतिभा को निखार सकें।कैंप में चित्रकला, संगीत, नृत्य, हस्तशिल्प, अभिनय और अन्य सांस्कृतिक गतिविधियों के साथ AI आधारित नई तकनीकी गतिविधियों को भी जोड़ा गया है। विभाग का मानना है कि बदलते समय के अनुरूप बच्चों को नई तकनीकों से जोड़ना आवश्यक है।संस्कृति विभाग के संचालक डॉ. संजय कन्नोजे ने कहा कि “हमारा उद्देश्य बच्चों को केवल मनोरंजन तक सीमित रखना नहीं, बल्कि उनकी रचनात्मक सोच और तकनीकी समझ को विकसित करना है। ‘आकार’ समर कैंप बच्चों को अपनी प्रतिभा दिखाने का बेहतर मंच प्रदान करेगा। कम शुल्क रखने का निर्णय इसलिए लिया गया है ताकि हर वर्ग के बच्चे इस अवसर का लाभ उठा सकें।”उन्होंने आगे कहा कि “AI जैसी आधुनिक गतिविधियों को शामिल कर बच्चों को भविष्य की तकनीकों से परिचित कराने का प्रयास किया जा रहा है। आने वाले समय में इस तरह की गतिविधियां बच्चों के व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।”बताया जा रहा है कि इस बार “आकार” समर कैंप दो पालियों में संचालित किया जाएगा, जिससे विद्यार्थी अपनी सुविधा के अनुसार सुबह या शाम की कक्षाओं में भाग ले सकेंगे। विभाग को उम्मीद है कि इस वर्ष बड़ी संख्या में बच्चे इस कैंप से जुड़ेंगे और अपनी रचनात्मक क्षमता को नई उड़ान देंगे।