करगीरोड – कोटा में अग्रहरि परिवार द्वारा आयोजित श्रीमद्भागवत कथा का भक्त भाव विभोर होकर श्रवण कर रहे है कथा के प्रथम द्वितीय तृतीय एवं चतुर्थ दिवस की कथा में व्यास पीठ से कथा वाचक श्री प्रकाश जोशी जी नें भगवान श्री हरि की कथा का सुंदर वर्णन करते हुए सभी श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया l उन्होनें बताया कि हरि कृपा से ही कथा श्रवण करना संभव हो सकता है इसलिए भगवान की कृपा प्राप्त हो ऐसे कर्म करने चाहिए l भगवान के सच्चिदानन्दरूपाय विश्वोत्पत्यादिहेतवे।तापत्रयविनाशाय श्रीकृष्णाय वयं नुमः॥ के श्लोकों का विस्तार से वर्णन किया l कथा के माध्यम से उन्होने कहा कि
भगवान नें सभी को आनंद दिया है इसलिए खुद खुश रहे और दुसरों को भी खुशी दें यह जीवन हमें सभी को प्रसन्न रखने के लिए मिला है नही किसी को दुख देने परेशान करने के लिए मिला है l अगर यहां किसी को दुख दोगे कष्ट दोगे रूलाओगे तो उसका फल वैसा ही मिलेगा जैसी करनी वैसी भरनी l सुंदर प्रसंग के साथ व्यास पीठ से महराज जी नें सभी श्रोताओं को यथार्थ और वास्तविकता का अनुभव कराया l दुसरे दिन की कथा में राजा परीक्षित और शुक देव जी की कथा बताई एवं भक्त प्रहलाद और भगवान नरसिंह अवतार के सुंदर वर्णन के साथ भगवान श्री कृष्ण का जन्मोत्सव नंद बाबा की सजीव झांकि के साथ हुआ वहीं कथा में राम दरबार विशेष प्रदर्शन हुआ l कथा में सुंदर भजनों के साथ भावविभोर होकर भक्त कथा का श्रवण कर रहे है l