तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी
आगामी खरीफ विपणन एवं कृषि सीजन को ध्यान में रखते हुए राज्य में किसानों को समय पर खाद, बीज एवं अन्य कृषि आदानों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए मार्कफेड ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में मार्कफेड के प्रबंध संचालक जितेन्द्र शुक्ला ने विभागीय अधिकारियों एवं संबंधित एजेंसियों की समीक्षा बैठक लेकर व्यापक दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसानों की आवश्यकताओं की पूर्ति शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आगामी खरीफ सीजन के लिए उर्वरकों के भंडारण, वितरण व्यवस्था, सहकारी समितियों की तैयारियों, बीज उपलब्धता तथा किसानों को समय पर कृषि सामग्री उपलब्ध कराने की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रबंध संचालक ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिलेवार मांग का आकलन करते हुए अग्रिम भंडारण की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि खेती के महत्वपूर्ण समय में किसानों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।उन्होंने कहा कि खरीफ सीजन राज्य की कृषि अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार है। ऐसे में खाद-बीज की आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत बनाना आवश्यक है। सभी जिला विपणन अधिकारियों को नियमित निगरानी रखने तथा वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखने के निर्देश दिए गए। साथ ही किसी भी क्षेत्र में कृत्रिम संकट या कालाबाजारी की स्थिति उत्पन्न न हो, इसके लिए सतत निरीक्षण करने पर भी जोर दिया गया।जितेन्द्र शुक्ला ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप किसानों को बेहतर सेवाएं प्रदान करना मार्कफेड की जिम्मेदारी है। किसानों को समय पर और पर्याप्त मात्रा में कृषि आदान उपलब्ध कराकर ही उत्पादन बढ़ाने के लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। उन्होंने अधिकारियों से समन्वय बनाकर कार्य करने तथा प्रत्येक स्तर पर जवाबदेही सुनिश्चित करने की बात कही। खरीफ सीजन के दौरान सहकारी समितियों की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताते हुए उन्हें पर्याप्त संसाधनों से सशक्त बनाने पर बल दिया गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि समितियों में खाद एवं बीज का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध रहे तथा किसानों को वितरण प्रक्रिया में किसी प्रकार की अनावश्यक बाधा न आए।प्रबंध संचालक जितेंद्र शुक्ला ने यह भी कहा कि राज्य सरकार किसानों की समृद्धि और कृषि विकास के लिए प्रतिबद्ध है। इसी उद्देश्य के तहत मार्कफेड द्वारा सभी आवश्यक तैयारियां समय रहते पूरी की जा रही हैं। उन्होंने अधिकारियों से जमीनी स्तर पर लगातार निगरानी रखने और किसानों की समस्याओं का त्वरित निराकरण सुनिश्चित करने को कहा।खरीफ सीजन की तैयारियों को लेकर आयोजित इस समीक्षा बैठक को कृषि प्रबंधन एवं आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अधिकारियों का मानना है कि समयबद्ध तैयारी और प्रभावी निगरानी से इस वर्ष किसानों को कृषि आदानों की उपलब्धता में किसी प्रकार की कठिनाई नहीं होगी तथा राज्य में बेहतर कृषि उत्पादन का मार्ग प्रशस्त होगा।