विकास नंद/ सर्वव्यापी/
राजस्व मंत्री श्री टंक राम वर्मा की पहल पर राजस्व अधिकारियों की चल रही हड़ताल समाप्त हो गई है। मंत्री निवास कार्यालय में हुई महत्वपूर्ण बैठक में संघ के पदाधिकारियों और शासन के बीच हुए सफल संवाद के बाद यह निर्णय लिया गया।
मंत्री वर्मा ने राजस्व विभाग की महत्ता को रेखांकित करते हुए समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया।
राजस्व अधिकारियों की 17 सूत्रीय मांगों पर सहमति बनते ही हड़ताल समाप्त करने की घोषणा की गई।
प्रमुख मांगों में डिप्टी कलेक्टर के पदों पर 50:50 अनुपात में पदोन्नति/सीधी भर्ती, नायब तहसीलदार व तहसीलदार को राजपत्रित दर्जा, लंबित ग्रेड पे व पदोन्नति प्रकरणों का शीघ्र निपटारा, शासकीय वाहन-चालक की सुविधा, तथा निलंबन/अभियोजन से प्रभावित अधिकारियों की 15 दिन में जांच शामिल हैं।
राजस्व मंत्री ने स्पष्ट किया कि शासन अधिकारियों की समस्याओं को गंभीरता से लेकर समयबद्ध समाधान हेतु कटिबद्ध है।
इस वार्ता में राजस्व सचिव, संचालनालय के संचालक, उप सचिव और संघ के प्रतिनिधि शामिल रहे।
संघ ने शासन के समाधानात्मक रुख की सराहना की और विश्वास जताया कि भविष्य में भी लंबित विषयों पर संवेदनशील निर्णय लिए जाएंगे।
हड़ताल समाप्त होने से नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन और भू-अधिकार अभिलेख जैसे लंबित कार्यों में तेजी आएगी और आम जनता को राहत मिलेगी।
यह सफल वार्ता संवाद, सहमति और समाधान की प्रशासनिक संस्कृति का प्रमाण है, जिससे शासन-प्रशासन में विश्वास बढ़ा है।
इस अवसर पर राजस्व संघ के प्रांताध्यक्ष कृष्ण कुमार लहरे, कार्यकारी अध्यक्ष विक्रांत सिंह राठौर, प्रदेश सचिव प्रशांत पटेल, प्रदेश प्रवक्ता शशिभूषण सोनी सहित कई पदाधिकारी उपस्थित रहे।