तरुण कौशिक/संपादक सर्वव्यापी/
बिलासपुर संभाग के गौरेला-पेंड्रा- मरवाही जिले के अंतर्गत ग्राम पंचायत अमरपुर (पेंड्रा) की महिला राजकुमारी गुप्ता की जमीन को धोखे से बेचे जाने के मामले में राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस (इंटक) के जिला कार्यालय में सुनवाई हुई। पीड़ित महिला ने आरोप लगाया कि उसकी जानकारी के बिना जमीन बेची गई और हस्ताक्षर यह कहकर कराए गए कि आवास स्वीकृति के लिए तहसील में कागज लगाना है।इंटक जिला अध्यक्ष इदरीस अंसारी ने पीड़िता की शिकायत पर संबंधित सभी लोगों अशफाक मंसूरी, कुसुम गुप्ता और खरीदार रोहित चौधरी को अपना पक्ष रखने बुलाया।रोहित चौधरी ने लिखित बयान में कहा कि जमीन उसे अशफाक मंसूरी और कुसुम गुप्ता ने बेची। अशफाक मंसूरी ने दावा किया कि राजकुमारी गुप्ता ने उसे पावर ऑफ अटॉर्नी दी थी। कुसुम गुप्ता ने कहा कि वह जमीन नहीं बेचना चाहती थीं और अभी तक पूरा पैसा भी नहीं मिला।इंटक अध्यक्ष अंसारी के अनुसार, तीनों के जवाब से साफ़ है कि महिला के साथ धोखाधड़ी हुई और जमीन बेचकर रकम का बंटवारा भी हुआ। उन्होंने सभी पक्षों को रक्षा बंधन तक आपसी समझौते और रकम लौटाने का मौका दिया है, अन्यथा पर्याप्त सबूतों के आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।इदरीस अंसारी ने कहा कि इंटक सिर्फ मजदूरों, किसानों और गरीबों के हक़ के लिए काम करता है। संगठन के ज़रिए श्रमिकों को प्रसूति सहायता, औज़ार अनुदान, गंभीर बीमारी इलाज और मृत्यु पर मुआवज़ा जैसी योजनाओं का लाभ भी दिलाया जा रहा है।