महामूर्ख सम्मेलन 2026: ठहाकों के बीच सजा अनोखा आयोजन, डॉ. विनय कुमार पाठक बने ‘महामूर्खाधिराज।

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तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी

होली के रंग, हास्य-व्यंग्य की धार और ठहाकों की गूंज के बीच बिलासपुर में एक अनोखा और यादगार आयोजन देखने को मिला। भारत सरकार से पंजीकृत संस्था न्यूज़ हब इनसाइट केयर फाउंडेशन (NHICF) के बैनर तले आयोजित “महामूर्ख सम्मेलन 2026” ने हंसी और मनोरंजन का ऐसा माहौल बनाया कि पूरा सभागार ठहाकों से गूंजता रहा। जो लोग किसी कारणवश कार्यक्रम में शामिल नहीं हो सके, वे इस अनूठे आयोजन से वंचित रह गए।कार्यक्रम का आयोजन जेपी वर्मा कॉलेज के ऑडिटोरियम में किया गया, जहां हास्य, व्यंग्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया।कार्यक्रम की शुरुआत संगीत प्रस्तुति से हुई। छत्तीसगढ़ रत्न से सम्मानित तनिष्क वर्मा ने ऑर्गन पर होली के पारंपरिक गीतों की मधुर धुनें प्रस्तुत कर वातावरण को उत्साह से भर दिया। इसके बाद NFB ज्ञानदीप स्पर्श कन्या विद्यालय की प्राचार्या ज्योति तिवारी के मार्गदर्शन में दृष्टिबाधित छात्राओं अन्नपूर्णा, प्रियंका, आरती (हारमोनियम), अनुराधा (ढोलक), अंजू और काव्या ने नशा मुक्ति पर आधारित प्रेरक गीत प्रस्तुत कर दर्शकों का मन मोह लिया और समाज को सकारात्मक संदेश दिया।सम्मेलन का मुख्य आकर्षण हास्य और व्यंग्य कवियों की प्रस्तुतियां रहीं। राकेश कुमार श्रीवास्तव (हास्य-व्यंग्य), सुरेश पैगवार (हास्य-व्यंग्य), सोमप्रभा तिवारी ‘नूर’ (श्रृंगार रस), मनोहर दास मानिकपुरी (छत्तीसगढ़ी गीत-गजल) और रमेश श्रीवास (छत्तीसगढ़ी व्यंग्य) ने अपनी चुटीली रचनाओं से ऐसा समां बांधा कि श्रोता देर तक ठहाके लगाते रहे।हास्यपूर्ण उपाधियों ने बढ़ाया आकर्षणकार्यक्रम का सबसे रोचक हिस्सा मंच से दी गई हास्यपूर्ण उपाधियां रहीं, जिसने पूरे सम्मेलन को और अधिक जीवंत बना दिया।थावे विद्यापीठ, गोपालगंज (बिहार) के कुलपति डॉ. विनय कुमार पाठक को “महामूर्खाधिराज” की उपाधि दी गई।न्यायमूर्ति डॉ. चन्द्र भूषण बाजपेयी को “भोकवाधिराज” की उपाधि से नवाजा गया।समाजसेवी शैलेंद्र सिंह कछवाहा को “जोजवानंद” की उपाधि प्रदान की गई।सोनकर कॉलेज मुंगेली के संचालक संतूलाल सोनकर को “भोकवनंद” की उपाधि दी गई।बिलासपुर प्रेस क्लब के अध्यक्ष अजित मिश्रा और सचिव संदीप करिहर को “मूर्ख सम्राट” की उपाधि दी गई।प्रेस क्लब उपाध्यक्ष विजय क्रांति तिवारी को “मूर्खाधिराज” की उपाधि से सम्मानित किया गया।उपाधियों की घोषणा होते ही सभागार ठहाकों और तालियों से गूंज उठा।इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि ऐसे आयोजन समाज में हंसी, सकारात्मकता और सामाजिक जागरूकता को बढ़ावा देते हैं। होली के अवसर पर आयोजित इस प्रकार के कार्यक्रम लोगों को जोड़ने के साथ-साथ तनावमुक्त वातावरण भी प्रदान करते हैं।कार्यक्रम के अंत में अतिथियों का सम्मान किया गया। उपस्थित लोगों ने इस सम्मेलन को प्रदेश का अनोखा और मनोरंजक आयोजन बताया।इस संबंध में NHICF के डायरेक्टर पंकज खंडेलवाल ने बताया कि संस्था का उद्देश्य समाज में रचनात्मकता, हास्य और सामाजिक जागरूकता को बढ़ावा देना है और आगे भी ऐसे आयोजन आयोजित किए जाते रहेंगे।इस दौरान छत्तीसगढ़ प्रखर पत्रकार संघ के प्रदेश अध्यक्ष विनय मिश्रा, साहित्यकार रमेश श्रीवास्तव, विष्णुकांत तिवारी, वरिष्ठ पत्रकार अतुलकांत खरे, बेमेतरा के पत्रकार नंदकुमार राजपूत, धरम वर्मा, तरुण शर्मा, मस्तूरी प्रेस क्लब के पदाधिकारी रघु यादव और उनकी टीम, शेख असलम, मोहन मदवानी, विकास रोहरा, कमल दुसेजा, दीपक, तरुण मिश्रा सहित सैकड़ों पत्रकार, साहित्यकार और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।


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