तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी
भारत सरकार एवं जिला प्रशासन बिलासपुर के समाज कल्याण विभाग द्वारा आज से जिले में विशेष नशा मुक्ति जनजागरूकता अभियान का शुभारंभ किया गया। यह अभियान 17 जून से 26 जून तक जिले के विभिन्न क्षेत्रों में संचालित किया जाएगा। अभियान के अंतर्गत प्रतिदिन अलग-अलग स्थानों पर नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता कार्यक्रम, संवाद एवं जनसंपर्क गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। अभियान के प्रथम दिवस लोखंडी स्थित शुद्धि नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्र में कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें केंद्र में उपचाररत लगभग 90 नशा प्रभावित हितग्राहियों ने भाग लिया। कार्यक्रम में कलेक्टर संजय अग्रवाल एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने उपस्थित हितग्राहियों से संवाद करते हुए नशे से दूर रहने और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज तीनों के लिए घातक है। उन्होंने हितग्राहियों को अपने परिवार के साथ अधिक समय बिताने, माता-पिता एवं वरिष्ठजनों के मार्गदर्शन का पालन करने तथा आत्मविश्वास के साथ जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सिंह ने कहा कि जिला प्रशासन एवं पुलिस विभाग नशे के विरुद्ध लगातार अभियान चला रहे हैं और समाज को नशामुक्त बनाने के लिए सभी की सहभागिता आवश्यक है।
कार्यक्रम में शुद्धि नशा मुक्ति केंद्र के डायरेक्टर राजीव कुमार तिवारी ने देश में नशे की समस्या से जुड़े आंकड़ों की जानकारी देते हुए संस्था द्वारा किए जा रहे पुनर्वास एवं परामर्श कार्यों तथा उपलब्धियों का विस्तृत प्रस्तुतीकरण किया।इस अवसर पर डॉ. आशुतोष तिवारी, संयुक्त संचालक समाज कल्याण टी.पी. भावे, रेडक्रॉस सोसायटी से राजीव अवस्थी, लक्ष्मी जायसवाल, प्रशांत मोकासे, लीलाधर भांगे, केंद्र प्रभारी रूपेश कुमार, प्रदीप शर्मा, आर्यन चक्रवर्ती, दीपक कुमार, अनुराग मसीह, विजय राधेश्याम, दादूलाल, राजेश सिसोदिया, कौशल कश्यप एवं वामसी कृष्ण सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन प्रशांत मोकासे ने किया। जिला कलेक्टर ने आमजन से नशामुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय सहभागिता निभाने और युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने की अपील की है।