विकास नंद/सर्वव्यापी
महासमुंद जिले के पटेवा थाना क्षेत्र में मिले युवती के शव के मामले में पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझा ली है। जांच में सामने आया कि प्रेम विवाह से नाराज पिता, चाचा और बड़े पिता ने मिलकर युवती की हत्या की साजिश रची थी। मामले में मुख्य आरोपी पिता को गुजरात के सूरत से गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि अन्य आरोपी अभी फरार हैं।पुलिस के अनुसार 17 जून 2026 को ग्राम तुरेंगा के एक खेत में अज्ञात महिला का शव बरामद हुआ था। शव के गले और शरीर पर धारदार हथियार से गंभीर चोटों के निशान पाए गए थे। घटना की गंभीरता को देखते हुए थाना पटेवा में हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।जांच के दौरान पुलिस ने सोशल मीडिया, आम इश्तहार और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से मृतका की पहचान बागबाहरा निवासी रानी कुमारी सिंह के रूप में की। मृतका के पति द्वारा पहचान की पुष्टि किए जाने के बाद पुलिस ने उसके पारिवारिक और सामाजिक संबंधों की गहन पड़ताल शुरू की।पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि रानी कुमारी सिंह ने परिवार की इच्छा के विरुद्ध अंतरजातीय प्रेम विवाह किया था। इसी बात को लेकर उसके पिता उमेश सिंह, चाचा दिनेश सिंह और बड़े पिता राजेश सिंह उससे नाराज थे। आरोप है कि तीनों ने मिलकर हत्या की योजना बनाई और रानी को बहाने से अपने साथ ले जाकर सुनसान खेत में उसकी निर्मम हत्या कर दी।तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर महासमुंद पुलिस की टीम गुजरात के सूरत पहुंची। वहां स्थानीय पुलिस के सहयोग से मुख्य आरोपी उमेश सिंह को थाना पुना क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपी ने अपने भाइयों के साथ मिलकर हत्या की वारदात को अंजाम देने की बात स्वीकार कर ली।आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने घटना के समय पहने गए कपड़े, मोबाइल फोन तथा हत्या में प्रयुक्त मोटरसाइकिल बरामद की है। गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।पुलिस अधीक्षक कार्यालय के अनुसार मामले में फरार अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से हत्या के इस चर्चित मामले का खुलासा होने पर क्षेत्र में व्यापक चर्चा का माहौल है।