विकास नंद/सर्वव्यापी
जिले को कुपोषण मुक्त बनाने के लक्ष्य के साथ कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने गुरुवार को महिला एवं बाल विकास विभाग की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक लेकर विभागीय योजनाओं के प्रभावी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन के निर्देश दिए। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी हेमंत नंदनवार, जिला कार्यक्रम अधिकारी टिकवेंद्र जाटवर, जिले के सभी परियोजना अधिकारी एवं सेक्टर सुपरवाइजर उपस्थित रहे।बैठक में कलेक्टर ने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग की सभी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र हितग्राही तक समय पर पहुंचे तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से पूरक पोषण आहार (टीएचआर) का नियमित वितरण, पात्र हितग्राहियों को गर्म भोजन उपलब्ध कराने और वितरण व्यवस्था की सतत निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।उन्होंने प्रत्येक आंगनबाड़ी केंद्र में पोषण वाटिका विकसित करने, स्वच्छ पेयजल एवं अन्य आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया। गंभीर कुपोषित बच्चों के उपचार के लिए पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) का प्रभावी संचालन, शत-प्रतिशत बेड ऑक्यूपेंसी बनाए रखने तथा पात्र बच्चों की समय पर पहचान कर उन्हें उपचार के लिए एनआरसी भेजने के निर्देश भी दिए।समीक्षा के दौरान प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना एवं महतारी वंदन योजना के तहत सभी पात्र हितग्राहियों को लाभान्वित करने पर विशेष बल दिया गया। कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि किसी भी पात्र हितग्राही का नाम योजनाओं से नहीं छूटना चाहिए।बैठक में कम प्रगति वाले दो सेक्टर पर्यवेक्षकों के विरुद्ध कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए गए। साथ ही सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को विभागीय योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए निर्धारित लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।