तरुण कौशिक/ संपादक सर्वव्यापी/
छत्तीसगढ़ राज्य के वर्तमान मुख्य सचिव अमिताभ जैन इसी महीने 30 जून को सेवानिवृत्त हो रहे हैं ,इस बीच अगला मुख्य सचिव को लेकर अब तक सस्पेंस बना हुआ है। राज्य सरकार के मुखिया विष्णु देव साय इस दिशा में कोई निर्णय नहीं ले सके और इस दौर में वरिष्ठ आईएएस अफसर रेणु पिल्ले,ऋचा शर्मा, सुब्रत साहू और अपर मुख्य सचिव मनोज कुमार पिंगुआ दावेदार में शामिल हैं।
छत्तीसगढ़ राज्य ऐसा राज्य बन चुका है, जहां की वर्तमान सरकार निर्णय लेने में पूरी तरह से असमर्थ हैं और न केवल मुख्य सचिव की नियुक्ति को लेकर बल्कि छत्तीसगढ़ में मंत्री मंडल विस्तार को लेकर सरकार पूरी तरह से विफल नजर आ रहे हैं। इन दिनों छत्तीसगढ़ सरकार में मुख्य सचिव की नियुक्ति को पूरी तरह से सस्पेंस बने हुए हैं , जबकि इस दौर में उक्त आईएएस अफसरों के साथ ही दिल्ली में प्रतिनियुक्ति पर पर पदस्थ अमित अग्रवाल भी प्रमुख रुप से शामिल हैं लेकिन अब तीन दिन छुट्टी है और सीधे सरकारी दफ्तर 30 जून को खुलेगा और इस बीच मुख्य सचिव के रुप में किसकी नियुक्ति होगी ,यह अब तक तय नहीं हुआ है। वहीं विभागीय सूत्रों का यह भी कहना है कि साढ़े चार साल से अधिक समय से मुख्य सचिव के रुप में पदस्थ होने के कारण इन्हें सेवा वृद्धि नहीं मिलेगी। ऐसे में किसकी किस्मत खुलेगी,यह अब तक तय नहीं माना जा रहा है। वहीं इस दौर में सीनियरिटी की बात करें तो सबसे सीनियर रेणु पिल्ले है,जो नियम से बाहर जाकर काम नहीं करेंगे और सरकार के साथ तालमेल बिठाने वाले आईएएस अफसर को ही मुख्य सचिव की जिम्मेदारी दी जाएगी। ऐसे स्थिति में माना जा रहा है कि सुब्रत साहू,अमित अग्रवाल या फिर मनोज कुमार पिंगुआ में से किसी एक का मुख्य सचिव बनना तय है और अब यह देखना है कि इन दिनों में से किसे मुख्य सचिव की जिम्मेदारी राज्य सरकार के मुखिया विष्णु देव साय देंगे।