विकास नंद/ सर्वव्यापी/
महिला कांग्रेस की प्रदेश सचिव एवं कांग्रेस पिछड़ा वर्ग विभाग की प्रदेश समन्वयक तिरीथ कुमारी ने आज एक बयान जारी कर साय सरकार के सुशासन के दावों को पूरी तरह खोखला करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि जब से प्रदेश में भाजपा की “फोर इंजन वाली” सरकार सत्ता में आई है, तब से अपराधियों के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं और कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक स्तर पर पहुंच चुकी है।उन्होंने कहा कि प्रदेश में आए दिन हत्या, बलात्कार, नाबालिगों के साथ दुष्कर्म, ड्रग तस्करी, चाकूबाजी, लूटपाट और ठगी जैसी घटनाएं अखबारों और सोशल मीडिया की सुर्खियां बन रही हैं। अपराध दर में तेज़ी से हुई वृद्धि यह साबित करती है कि प्रदेश की पुलिस और प्रशासन अपराधियों पर अंकुश लगाने में नाकाम है।तिरीथ कुमारी ने कहा, “साय सरकार का सुशासन सिर्फ भाषणों और पोस्टरों तक सीमित रह गया है। जमीनी हकीकत यह है कि अपराधियों के खिलाफ न तो सख्त कार्रवाई हो रही है और न ही पीड़ितों को त्वरित न्याय मिल रहा है।”उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रदेश में अपराध रोकने के बजाय सरकार अपराधों के मामलों को दबाने और आंकड़ों को छिपाने में ज्यादा व्यस्त है। कई मामलों में पीड़ितों को थानों में रिपोर्ट दर्ज कराने तक के लिए संघर्ष करना पड़ता है।महिला कांग्रेस नेत्री ने कहा कि अपराध के मामलों में हुई इस बढ़ोतरी से आम जनता में भय का माहौल है। महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग अपने घर से बाहर निकलते समय भी असुरक्षा महसूस कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की लापरवाही के कारण छत्तीसगढ़ अब ‘अपराधगढ़’ के नाम से बदनाम हो रहा है, जो प्रदेश की छवि के लिए बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। यदि सरकार ने जल्द से जल्द अपराध नियंत्रण के लिए ठोस कदम नहीं उठाए तो कांग्रेस पार्टी राज्यव्यापी आंदोलन करेगी। उन्होंने मांग की कि पुलिस व्यवस्था को मजबूत करने, संवेदनशील इलाकों में गश्त बढ़ाने, ड्रग और हथियार माफिया पर नकेल कसने तथा महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विशेष टास्क फोर्स का गठन किया जाए।उन्होंने कहा कि जनता ने भाजपा को अच्छे शासन के लिए चुना था, लेकिन अब लोग खुद को असुरक्षित और ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। “जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करना किसी भी सरकार की पहली जिम्मेदारी है, और यदि साय सरकार इस जिम्मेदारी को निभाने में विफल रहती है, तो आने वाले चुनाव में जनता इसका करारा जवाब देगी।”