बिलासपुर/जगदीश प्रसाद पाण्डेय/ ब्यूरो चीफ सर्वव्यापी/
छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट से लगे तमाम कच्ची कालोनियों को राज्य सरकार ने अवैध करार दिया है। सूत्रों के अनुसार इन कालोनियों का रेरा (रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी) से पंजीयन नहीं कराया गया था। ऐसे में छतौना, अमसेना, बोदरी, चकरभाठा, रहंगी, हरदी, चिचिरदा, धमनी सहित आसपास के गांवों की जमीनों पर सर्वसुविधायुक्त कालोनी के नाम पर विकास का झांसा देकर प्लॉट बेचने वाले जमीन दलालों पर अब कार्रवाई की तैयारी है।राज्य सरकार और रेरा ने साफ संकेत दिए हैं कि साक्ष्य मिलने पर दलालों पर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी और अवैध घोषित कालोनियों को ध्वस्त करने की कार्यवाही होगी।यह नियम न केवल बिलासपुर हाईकोर्ट क्षेत्र बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ में संचालित उन सभी कच्ची कालोनियों पर लागू होगा, जहां बिना रेरा पंजीयन और स्वीकृति के अवैध प्लॉटिंग व बिक्री की गई है।