विकास नंद/ सर्वव्यापी/
महासमुंद कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने आज प्रेस वार्ता लेकर भारत सरकार जनजातीय कार्य मंत्रालय द्वारा संचालित आदि कर्मयोगी अभियान की विस्तृत जानकारी साझा की। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ हेमंत नंदनवार, अपर कलेक्टर रवि कुमार साहू, मास्टर ट्रेनर एवं मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने बताया कि यह अभियान जनजातीय गौरव वर्ष 2025 के अंतर्गत 17 सितम्बर से 2 अक्टूबर तक सेवा पर्व के दौरान विशेष रूप से चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य जनजातीय अंचलों में सरकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन कर ग्रामीणों को बुनियादी सुविधाओं से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि अभियान जनभागीदारी के माध्यम से ट्राइबल विलेज विज़न के निर्माण की दिशा में अहम कदम साबित होगा।उन्होंने जानकारी दी कि जिले के 308 जनजातीय बाहुल्य ग्रामों में 17 मंत्रालयों की 25 योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराया जाएगा। इन ग्रामों में आदि सेवा केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहाँ एक ही स्थान पर विभिन्न शासकीय सेवाएँ मिलेंगी। साथ ही ग्राम सभाओं, शिकायत निवारण शिविरों और प्रत्येक पखवाड़े आदिवासी सेवा दिवस के आयोजन से ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
कलेक्टर लंगेह ने बताया कि ग्राम स्तर पर पंचायत प्रतिनिधि, स्वयंसेवी संगठन, एनजीओ और युवाओं को शामिल कर कैडर तैयार किए गए हैं, जो आवास, सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार जैसी योजनाओं के क्रियान्वयन में सहयोग देंगे। जिले के चार विकासखंडों—महासमुंद, बागबाहरा, पिथौरा, बसना और सरायपाली के 308 ग्रामों को 42 क्लस्टरों के माध्यम से जोड़ा गया है। इस अभियान में 7 हजार से अधिक मानव संसाधन कार्यरत रहेंगे।उन्होंने बताया कि मानव संसाधन का प्रशिक्षण पूरा कर लिया गया है और सभी आदि सेवा केंद्र स्थापित हो चुके हैं।
आगामी 2 अक्टूबर को महात्मा गांधी जयंती पर आयोजित ग्राम सभाओं में विलेज एक्शन प्लान का अनुमोदन किया जाएगा और इसकी प्रविष्टि सरकारी पोर्टल में की जाएगी।मीडिया प्रतिनिधियों द्वारा पूछे गए सवालों का जवाब देते हुए कलेक्टर ने अपील की कि आम जनता, जनप्रतिनिधि और सेवाभावी संगठन इस अभियान में सक्रिय भागीदारी कर जिले के जनजातीय अंचलों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने में सहयोग करें।