विकास नंद/सर्वव्यापी/
भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा बिना दावे वाली वित्तीय संपत्तियों को उनके असली मालिकों तक वापस दिलाने के उद्देश्य से ‘आपकी पूंजी आपका अधिकार’ अभियान की शुरुआत की गई है। इस संबंध में जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक अभय पारे ने जानकारी देते हुए बताया कि यह राष्ट्रीय स्तर का जागरूकता अभियान दिसंबर 2025 तक संचालित होगा, जो तीन चरणों में लोगों को उनकी निष्क्रिय या असंचालित बैंक खातों से जुड़ी राशि वापस दिलाने पर केंद्रित है।आरबीआई की इस पहल में वित्तीय सेवा विभाग के साथ देशभर के बैंक, बीमा कंपनियां और स्टॉक एक्सचेंज जैसे प्रमुख संस्थान शामिल हैं। अभियान का उद्देश्य उन नागरिकों की मदद करना है जो पुराने या निष्क्रिय खातों में जमा अपनी पूंजी को भूल चुके हैं। पारे ने बताया कि निष्क्रिय खाते को सक्रिय करने या उसमें जमा राशि वापस पाने के लिए तीन सरल चरण निर्धारित किए गए हैं—1. अपने बैंक की किसी भी शाखा में जाएं, चाहे वह आपकी नियमित शाखा न हो।2. आवश्यक केवाईसी दस्तावेज (आधार, पासपोर्ट, मतदाता पहचान पत्र या ड्राइविंग लाइसेंस) के साथ निर्धारित फॉर्म जमा करें।3. सत्यापन के बाद यदि राशि उपलब्ध है, तो ब्याज सहित वापस प्राप्त करें।इस अभियान के लिए जिला पंचायत के सभा कक्ष में 21 नवंबर को सुबह 10 बजे से विशेष शिविर आयोजित किया जा रहा है।उन्होंने जिले के सभी सरकारी एवं गैर सरकारी खाताधारकों से अपील की है कि आवश्यक दस्तावेजों के साथ शिविर में उपस्थित होकर अभियान का लाभ उठाएं।


