विकास नंद/ सर्वव्यापी
जिले में 18 जुलाई तक संचालित विशेष एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) टीकाकरण सप्ताह के तहत स्कूलों और स्वास्थ्य संस्थानों में जागरूकता एवं टीकाकरण अभियान तेज़ी से चलाया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की सभी पात्र बालिकाओं को निःशुल्क एचपीवी टीका लगाकर उन्हें भविष्य में होने वाले गर्भाशय ग्रीवा (सर्वाइकल) कैंसर से सुरक्षित करना है।
कलेक्टर विनय कुमार लंगेह के मार्गदर्शन तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आई. नागेश्वर राव के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीमें जिलेभर में अभियान को गति दे रही हैं। अभियान के दौरान प्रतिदिन 300 से अधिक किशोरियां एचपीवी टीका लगवाकर सुरक्षा कवच प्राप्त कर रही हैं। शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के लिए विद्यालयों और स्वास्थ्य केंद्रों के माध्यम से लगातार जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं।विशेष टीकाकरण सप्ताह के दौरान जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. अरविंद गुप्ता ने शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बागबाहरा तथा स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, बागबाहरा सहित विभिन्न विद्यालयों का भ्रमण कर छात्राओं, शिक्षकों और विद्यालयीन स्टाफ से संवाद किया। उन्होंने एचपीवी टीके की उपयोगिता, सुरक्षा और इसके वैज्ञानिक महत्व की जानकारी देते हुए सभी पात्र छात्राओं को समय पर टीकाकरण कराने के लिए प्रेरित किया।डॉ. गुप्ता ने बताया कि एचपीवी टीका पूरी तरह सुरक्षित, वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित और प्रभावी है। यह भविष्य में सर्वाइकल कैंसर के खतरे को काफी हद तक कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि किशोरावस्था में लगाया गया यह टीका बालिकाओं के स्वस्थ और सुरक्षित भविष्य की मजबूत नींव है।उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से फैलने वाली किसी भी प्रकार की अफवाहों और भ्रांतियों पर विश्वास न करें तथा अपनी 14 से 15 वर्ष आयु की बेटियों का समय पर टीकाकरण अवश्य कराएं। पात्र बालिकाएं अपने निकटतम प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) एवं मेडिकल कॉलेज अस्पताल में निःशुल्क एचपीवी टीका लगवा सकती हैं।स्वास्थ्य विभाग ने जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और प्रबुद्ध नागरिकों से भी अभियान में सक्रिय सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि वे अपने आसपास की पात्र बालिकाओं और उनके अभिभावकों को टीकाकरण के लिए प्रेरित करें, ताकि जिले में शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया जा सके।


