बिलासपुर/ तरुण कौशिक/ संपादक सर्वव्यापी/
छत्तीसगढ़ के पूर्व विधानसभा अध्यक्ष धरम लाल कौशिक के निर्वाचन क्षेत्र बिल्हा के ग्राम पंचायत मोहभट्टा में आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने करोड़ों रुपये का शिलान्यास और लोकार्पण किया । इस समारोह को सफल बनाने के लिए बिलासपुर जिला प्रशासन के नेतृत्व में बीते एक महीने से लगातार कलेक्टर खुद उपस्थित होकर कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए अपने प्रशासनिक और पुलिस टीम के साथ जी-तोड़ मेहनत किए हैं, इसमें दोमत की बात नहीं होगी लेकिन आज के समारोह को देखकर मोहभट्टा पहुंचे प्रशासन की टीम के साथ ही आम जनता भी दंग रह गए कि ऐसा क्या हुआ कि कार्यक्रम का संचालक कर्ता ने स्वागत के सुअवसर पर सिर्फ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का स्वागत मुख्यमंत्री विष्णु देव साय कराया और बाद में उपस्थित मंत्रीगणों ने गज माला पहनाकर प्रधानमंत्री का स्वागत किया।वहीं स्वागत के तुरंत बाद केंद्रीय विद्युत तथा आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल को कार्यक्रम का स्वागत उद्बबोधन के लिए आंमत्रित किया, उसके बाद सीधे मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का उद्बोधन कराया गया और फिर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का उद्बोधन हुआ और इसके बाद समारोह का समापन हो गया। इस बीच प्रशासनिक टीम को यह कहते सुना गया कि एक महीने से कलेक्टर, एसएसपी और अन्य अधिकारियों ने कार्यक्रम को सफल बनाने जी-तोड़ मेहनत किये लेकिन जिला कलेक्टर को प्रधानमंत्री की बात दूर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के स्वागत करने नहीं बुलाए गए और न ही बिल्हा क्षेत्र के विधायक धरम लाल कौशिक को भी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और न ही किसी भी अतिथि के स्वागत के लिए आंमत्रित किया गया। निश्चित रूप से इस दृश्य को देखकर न केवल प्रशासन के लोग बल्कि आम जनता और बिल्हा विधानसभा क्षेत्र के भाजपाई यह कहने से नहीं चूके कि कम से कम जिला प्रशासन की ओर से कलेक्टर अवनीश शरण, एसएसपी रजनेश सिंह के साथ ही छत्तीसगढ़ विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष व स्थानीय विधायक धरम लाल कौशिक को प्रधानमंत्री का नहीं तो अन्य मंचस्थ अतिथि जिसमें मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, राज्यपाल रमेन डेका, विधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह, केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल सहित अन्य मंत्री गण उपस्थित थे,मगर किसी को अतिथियों का स्वागत करने के लिए आंमत्रित नहीं किए जाने से भाजपाई भी आश्चर्य चकित हो गये। निश्चित रूप से इस समारोह में कलेक्टर, एसएसपी और स्थानीय विधायक होने के नाते धरम लाल कौशिक को स्वागत के लिए आंमत्रित किया जाना चाहिए था पर ऐसा आखिर क्यों नहीं किया गया,समझ से परे है..!