तरुण कौशिक/ संपादक सर्वव्यापी/
जिला मुख्यालय से लगे ग्राम कोरमी, नगपुरा, हरदीकला, सिलपहरी, पोंडी (स) और आसपास के क्षेत्रों में बिजली की समस्या लगातार गंभीर बनी हुई है। यहां के लोग पिछले कई महीनों से ट्रांसफॉर्मर खराबी, ओवरलोडिंग और अनियमित आपूर्ति की समस्या से जूझ रहे हैं।ग्रामीणों का कहना है कि बार-बार लिखित और मौखिक शिकायतें करने के बावजूद बिजली विभाग के अधिकारी कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। ग्राम पोंडी में तो स्थिति और भी गंभीर है, जहां पिछले 20 दिनों से दो ट्रांसफॉर्मर खराब पड़े हुए हैं, जबकि ग्रामीण और जनप्रतिनिधि लगातार विभाग को अवगत करा रहे हैं। इसी तरह हरदीकला में भी दो ट्रांसफॉर्मर खराब हो चुके हैं, लेकिन मरम्मत या बदलाव की कोई कार्यवाही नहीं हो पाई है।स्थानीय जनप्रतिनिधियों का आरोप है कि प्रदेश में भाजपा की सरकार होते हुए भी अपने ही विधायकों और पंचायत प्रतिनिधियों की बात को अधिकारी अनसुना कर रहे हैं। जनपद पंचायत प्रतिनिधि सौरभ कौशिक और पंचायत सरपंचों ने कई बार विभागीय अधिकारियों से समस्या बताई, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला।उन्होंने यह भी बताया कि सिलपहरी और पोंडी ऐसे ग्राम हैं, जिनकी बिजली आपूर्ति सिलपहरी सब स्टेशन से होती है, जबकि बिल भुगतान और रखरखाव का जिम्मा मस्तुरी सब स्टेशन का है। इस दोहरी व्यवस्था के कारण यहां के लोगों को हमेशा परेशानी का सामना करना पड़ता है।ग्रामीणों का सवाल है कि जब सत्ता पक्ष के विधायक और जनप्रतिनिधियों की बात पर भी सुनवाई नहीं हो रही है, तो आम जनता कहां जाएगी।