विकास नंद/सर्वव्यापी

कबीरधाम जिले के ग्राम लोखान में आज एक बेहद भावनात्मक और आत्मीय दृश्य देखने को मिला, जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने एक साधारण ग्रामीण के सादे निमंत्रण को स्वीकार कर उसे यादगार पल में बदल दिया। उनके इस व्यवहार ने शासन और आमजन के बीच के आत्मीय संबंधों को जीवंत कर दिया।ग्राम लोखान निवासी मोहन मरावी के नए पक्के घर का गृह प्रवेश कार्यक्रम था। मुख्यमंत्री के गांव दौरे की जानकारी मिलते ही मोहन ने उनसे सीधे मिलकर अपने घर आने का आग्रह किया। इस सहज आमंत्रण को मुख्यमंत्री ने विनम्रता के साथ स्वीकार किया और उनके घर पहुंचकर कार्यक्रम को विशेष बना दिया।मुख्यमंत्री के आगमन से घर में पारिवारिक और आत्मीय माहौल बन गया। उन्होंने बिना किसी औपचारिकता के नारियल फोड़कर, दीप प्रज्वलित कर विधिवत पूजा-अर्चना के साथ गृह प्रवेश कराया। इस दौरान परिवार के चेहरों पर खुशी, संतोष और गर्व साफ झलक रहा था। ग्रामीणों ने भी मुख्यमंत्री की सादगी और सहजता की सराहना की।इस दौरान मुख्यमंत्री ने मुस्कुराते हुए मोहन से पूछा, “आवास कोन भेजिस?” जिस पर मोहन ने सहजता से जवाब दिया, “मोदी जी ने।” यह छोटा संवाद पूरे माहौल को भावनात्मक बना गया और योजनाओं के जमीनी असर को दर्शाता नजर आया।बातचीत के दौरान मोहन मरावी ने बताया कि उनका घर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मिली राशि और अपनी मेहनत से बना है। पहले वे कच्चे घर में रहते थे, लेकिन 2024-25 में आवास स्वीकृत होने के बाद उन्होंने खुद ईंट बनाकर चार कमरों का मजबूत घर तैयार किया।मुख्यमंत्री ने घर की गुणवत्ता और मोहन की मेहनत की सराहना करते हुए कहा कि जब सरकारी योजनाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंचती हैं और उसमें जनभागीदारी जुड़ती है, तभी असली विकास दिखाई देता है। उन्होंने इसे आत्मनिर्भरता और सकारात्मक बदलाव का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।मोहन ने बताया कि उन्हें योजना की राशि तीन किस्तों में मिली, जिसका उन्होंने जिम्मेदारी से उपयोग किया। मुख्यमंत्री ने पूरे परिवार को नए घर की बधाई देते हुए इसे गांव के लिए प्रेरणादायक उदाहरण बताया और उज्ज्वल भविष्य की कामना की।