नूर मोहम्मद, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (सर्वव्यापी)
छत्तीसगढ़ में अपराधियों के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं और कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के पेंड्रा थाना क्षेत्र अंतर्गत कोटमी साप्ताहिक बाजार में शाम उस समय सनसनी फैल गई, जब बाइक सवार तीन हथियारबंद बदमाशों ने बीच बाजार एक सराफा कारोबारी को गोली मार दी। गोलियों की आवाज से पूरा बाजार दहल उठा और देखते ही देखते आरोपी वारदात को अंजाम देकर फरार हो गए। दिनदहाड़े हुई इस हत्या और संभावित लूटकांड से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है।जानकारी के मुताबिक पेंड्रा निवासी प्रदीप सोनी उर्फ पप्पू कोटमी के साप्ताहिक बाजार में सोने-चांदी का कारोबार करने पहुंचे थे। शाम के समय बाजार में भारी भीड़ मौजूद थी। इसी दौरान पल्सर बाइक पर सवार तीन युवक अचानक बाजार के भीतर पहुंचे और सीधे व्यापारी को निशाना बना लिया। इससे पहले कि लोग कुछ समझ पाते, बदमाशों ने कारोबारी के सीने में गोली दाग दी। गोली लगते ही व्यापारी लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़ा और बाजार में अफरा-तफरी मच गई। गोली चलने के बाद लोग अपनी जान बचाने इधर-उधर भागने लगे। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। आशंका जताई जा रही है कि आरोपी सोने-चांदी और नगदी से भरा बैग भी अपने साथ ले गए हैं। हालांकि लूट की गई रकम और सामान की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हो सकी है।घायल व्यापारी को आनन-फानन में जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. देवेंद्र पैकरा ने बताया कि अस्पताल लाए जाने से पहले ही व्यापारी की मौत हो चुकी थी।घटना की सूचना मिलते ही पेंड्रा पुलिस, एफएसएल टीम और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है। मौके से एक कारतूस भी बरामद हुआ है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं। आरोपियों की तलाश में जिलेभर में नाकेबंदी कर दी गई है तथा आसपास के जिलों की पुलिस को भी अलर्ट जारी किया गया है। इस घटना के बाद व्यापारियों और स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी देखने को मिली। गुस्साए लोगों ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। परिजन और स्थानीय नागरिक जिला अस्पताल से शव लेकर पेंड्रा के दुर्गा चौक पहुंचे, जहां बीच सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन किया गया। परिजनों ने साफ कहा कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होगी, तब तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा और आंदोलन जारी रहेगा।देखते ही देखते बड़ी संख्या में व्यापारी, सामाजिक संगठन और स्थानीय नागरिक मौके पर जुट गए। दुर्गा चौक में देर रात तक तनावपूर्ण स्थिति बनी रही। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और बाजार क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग उठाई।भीड़भाड़ वाले बाजार में खुलेआम हुई हत्या और संभावित लूट की इस सनसनीखेज वारदात ने जिले की कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। व्यापारियों में भारी आक्रोश है और लोग अपराधियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं।