सर्वव्यापी/ ब्यूरो रामनारायण यादव/ करगीरोड-/
(कोटा)- कोटा मुस्लिम समुदाय के लोगों में कुर्बानी का त्यौहार कहे जाने वाला ईदुल-अजहा बकरीद का त्यौहार सोहार्द पूर्ण वातावरण में पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया, इसी पावन महीने की शुरुवात में मुस्लिम समुदाय के लोगों का हज के लिए सऊदी अरब के मक्का मदीना जाने की शुरुवात होती है जहां भारत के मुस्लिमों सहित पूरे विश्व से लाखों करोड़ों की तादात में मुस्लिम-समुदाय के लोग हज के लिए पहुंचते हैं।
सुबह 08 बजे बकरीद की नमाज ईदगाह में संपन्न हुई:- शनिवार सुबह 08:00 बजे ईदगाह में कोटा मुस्लिम समाज के लोगो ने ईदुल-अजहा बकरीद की नमाज अदा की मस्जिदें ताहा कोटा के पेश ईमाम हाफिज गुलजार साहब ने बकरीद की नमाज अदा कराई नमाज से पहले हाफिज गुलजार साहब ने ईदुल- अजहा त्यौहार के बारे में रौशनी डालते हुए बताया कि अल्लाह के नबी हजरत इब्राहिम अलैहसलाम और उनके साहेबजादे हजरत इस्माइल-अलैहसलाम का अल्लाह की राह में कुर्बान होने की एक दास्तान है, ईदुल-अजहा का त्यौहार अल्लाह के नबी और उनके औलाद की याद में मनाया जाता है,बकरीद की नमाज में कोटा मुस्लिम समाज के लोगो साहित कोटा से लगे आसपास के ग्रामीण इलाकों में रहने वाले मुस्लिम समाज के लोग शामिल हुए, नमाज के बाद मस्जिदे ताहा के पेश-ईमाम हाफिज गुलजार साहब ने छत्तीसगढ प्रदेश सहित पूरे हिंदुस्तान में अमन चैन खुशहाली आपसी भाईचारे के लिए दुवाए मांगी गई..दुवा के बाद मुस्लिम समाज के लोग एक दूसरे से गले मिलकर बधाई देने के बाद अपने घर परिवारों के कब्रो पर जाकर उनके कब्रो पर फूल इतर पेश करते हुए उनके हक में दुवाए करते दिखे।बकरीद की नमाज के लिए ईदगाह में पूरी व्यवस्था बनाने में मस्जिद कमेटी कोटा के मौजूदा अध्यक्ष जनाब बशीर बेग सहित बाकी पदाधिकारियों का विशेष योगदान रहा इस दौरान जब्बार खान, मोहम्मद जावेद खान, अब्दुल गफ्फार खान, मोहम्मद फिरोज रजा,सईद खान, अमजद खान,मोईद कुरैशी, शहिद खान, शेख सिराज, अहमद कुरैशी, अशरफ कुरेशी, अमजद कुरैशी फिरोज खान, अरमान खान, आमिर खान आकिब खत्री, अदनान खत्री, असलम खत्री, दादा भाई, बग्गू खान, शमीम खान, हासिम अली, अरमान खान, आमिर खान, शरीफ खान, अहमद हसन, शमीम खान, सदरुद्दीन खत्री, शाबिर अली, शमशुल हक, फिरोज खान, आरिफ मिर्जा, रियाज खान, सुब्राती खान, रूबी खान, साहेब आलम मिन्नु खान, अज्जू बागड़ी, हसन खान सहित बड़ी संख्या में कोटा मुस्लिम समाज के लोगों की मौजूदगी रही।