विकास नंद/ सर्वव्यापी/
रक्षाबंधन पर्व को दृष्टिगत रखते हुए राज्य शासन के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग तथा खाद्य सुरक्षा आयुक्त के निर्देश पर पूरे छत्तीसगढ़ राज्य में 21 जुलाई को विशेष खाद्य सुरक्षा अभियान चलाया गया।
इस अभियान का उद्देश्य बाजार में बिकने वाले दूध एवं दुग्ध उत्पादों की गुणवत्ता सुनिश्चित करना था, विशेषकर पनीर और खोवा जैसे खाद्य पदार्थों की।
इसी क्रम में महासमुंद जिले के बागबाहरा क्षेत्र में कलेक्टर विनय कुमार लंगेह एवं जिला अभिहीत अधिकारी सह अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) हरिशंकर पैकरा के मार्गदर्शन में खाद्य सुरक्षा अधिकारी शंखनाद भोई द्वारा खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर विभिन्न खाद्य पदार्थों के नमूने संकलित किए गए।
जांच के दौरान मेसर्स विश्वा फैमिली रेस्टोरेंट एण्ड ढाबा, बागबाहरा से पनीर एवं पका चावल, मेसर्स छत्तीसगढ़ फैमिली ढाबा एण्ड रेस्टोरेंट से पनीर तथा मेसर्स हर्षद मिष्ठान भंडार से खोवा के विधिक खाद्य नमूने लिए गए।
सभी नमूनों को राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला, कालीबाड़ी, रायपुर भेजा गया है। जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के अंतर्गत आवश्यक विधिक कार्रवाई की जाएगी।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी बीते माह जिले में अभियान चलाकर 5 पनीर नमूने संकलित किए गए थे, जिन्हें राज्य प्रयोगशाला में जांच हेतु भेजा गया था।
जिला प्रशासन की यह पहल त्योहारों के दौरान आम जनता को सुरक्षित, शुद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से की गई है।
प्रशासन ने खाद्य विक्रेताओं को चेताया है कि मिलावट या मानक विहीन खाद्य सामग्री की बिक्री करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।