विकास नंद/ सर्वव्यापी/
छत्तीसगढ़ शासन की युक्तियुक्तकरण नीति ग्रामीण अंचलों के विद्यार्थियों के लिए वरदान साबित हो रही है। हायर सेकेंडरी विद्यालय पिरदा में इस नीति से शिक्षा व्यवस्था में सकारात्मक बदलाव आया है। अब यहां विज्ञान, अर्थशास्त्र और खेलकूद जैसे विषयों की नियमित पढ़ाई हो रही है।
विद्यालय के प्राचार्य संतोष कुमार डहरिया ने बताया कि पहले केवल 6 शिक्षक कार्यरत थे, जिससे विज्ञान, अर्थशास्त्र और व्यायाम विषय प्रभावित हो रहे थे। विद्यार्थियों की पढ़ाई अधूरी रह जाती थी और ग्रामीण भी चिंतित थे। शासन की पहल के बाद विद्यालय को तीन नए शिक्षक मिले हैं। विज्ञान सहायक शिक्षक श्री महेन्द्र ध्रुव, अर्थशास्त्र की व्याख्याता मधुमती चंद्राकर और व्यायाम शिक्षक श्री ओ.पी. जायसवाल की नियुक्ति से शिक्षा व्यवस्था सुदृढ़ हुई है।अब विद्यार्थी न केवल विषयवार ज्ञान प्राप्त कर रहे हैं, बल्कि खेलकूद में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। वर्तमान में कक्षा 9वीं से 12वीं तक कुल 89 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं, जिनकी पढ़ाई में नई ऊर्जा और उत्साह देखा जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि शासन की यह पहल बच्चों के भविष्य को उज्जवल बनाएगी और शिक्षा में नई दिशा प्रदान करेगी।