नूर मोहम्मद/ गौरेला पेंड्रा मरवाही/(सर्वव्यापी)
माननीय उच्च न्यायालय बिलासपुर के आदेश के पालन में परिवहन विभाग छत्तीसगढ़ ने किसानों के ट्रैक्टरों पर लगने वाले दोहरे पिंजरे वाले पहियों (लोहे का रिंग) को सार्वजनिक सड़कों पर चलाने पर रोक लगा दी है। अपर परिवहन आयुक्त, छत्तीसगढ़-नया रायपुर द्वारा जारी निर्देश में कहा गया है कि खेती में उपयोग के लिए लगाए जाने वाले लोहे के रिंग वाले ट्रैक्टरों का उपयोग खेत तक ही सीमित रहे यदि इन्हें सीमेंट-कांक्रीट या अन्य पक्की सड़कों पर चलाया गया तो मोटरयान अधिनियम के तहत चालानी कार्यवाही की जाएगी सड़क और जनसुरक्षा सर्वोपरिदरअसल, लोहे के रिंग वाले पहियों से सड़कें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो जाती हैं और दुर्घटनाओं की संभावना भी कई गुना बढ़ जाती है। यही कारण है कि अब ऐसे वाहनों के खिलाफ प्रशासन ने सख्ती बरतने का निर्णय लिया है।चलाया जाएगा। जनजागरूकता अभियानपरिवहन विभाग ने सभी जिला प्रशासन को निर्देशित किया है कि ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों को जागरूक करने के लिए जनजागरूकता अभियान चलाया जाए। साथ ही स्थानीय समाचार-पत्रों, इलेक्ट्रॉनिक मीडिया और पोर्टल्स के माध्यम से नियमों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई जिन किसानों या चालकों द्वारा आदेश की अवहेलना कर ट्रैक्टर सड़कों पर चलाए जाएंगे, उन पर चालानी कार्रवाई की जाएगी। विभाग का कहना है कि यह कदम न केवल सड़क सुरक्षा बल्कि सार्वजनिक संपत्ति की रक्षा के लिए भी आवश्यक है।


