विकास नंद/ सर्वव्यापी
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप संचालित मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना-2026 के तहत महासमुंद जिले के हजारों विद्युत उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिल रही है। योजना के माध्यम से घरेलू, बीपीएल, कृषि एवं निम्नदाब उपभोक्ताओं को बकाया बिजली बिल, अधिभार एवं सरचार्ज में विशेष छूट प्रदान की जा रही है, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर एवं मध्यम वर्गीय परिवारों को लाभ मिल रहा है।महासमुंद जिले में 04 मई 2026 तक महासमुंद, पिथौरा एवं सरायपाली संभाग के कुल 40 हजार 693 सक्रिय उपभोक्ताओं ने योजना के अंतर्गत पंजीयन कराया है। इनमें 31 हजार 217 बीपीएल श्रेणी, 6 हजार 82 घरेलू श्रेणी तथा 3 हजार 394 कृषि श्रेणी के उपभोक्ता शामिल हैं। योजना के तहत अब तक कुल 3 करोड़ 10 लाख 57 हजार 299 रुपए जमा किए जा चुके हैं। इसमें बीपीएल श्रेणी से 1 करोड़ 32 लाख 91 हजार 964 रुपए, घरेलू श्रेणी से 1 करोड़ 41 लाख 88 हजार 575 रुपए तथा कृषि श्रेणी से 35 लाख 76 हजार 760 रुपए की राशि शामिल है।इसी प्रकार योजना के अंतर्गत महासमुंद, पिथौरा एवं सरायपाली संभाग के 279 निष्क्रिय उपभोक्ताओं ने भी पंजीयन कराया है। इनमें 89 बीपीएल, 83 घरेलू तथा 107 कृषि श्रेणी के उपभोक्ता शामिल हैं। इन उपभोक्ताओं से अब तक 16 लाख 27 हजार 303 रुपए जमा किए गए हैं। वहीं उपभोक्ताओं की कुल बकाया राशि में से 3 करोड़ 57 लाख 49 हजार 208 रुपए की राशि माफ की गई है।महासमुंद निवासी हरनाम दास ने बताया कि उनका बिजली बिल 3 हजार 160 रुपए आया था। उन्होंने योजना के तहत पंजीयन कराकर राहत प्राप्त की है।योजना के तहत उपभोक्ताओं को अधिभार एवं सरचार्ज में 100 प्रतिशत तक की छूट के साथ मूल बकाया राशि में भी विशेष राहत दी जा रही है। इससे 31 मार्च 2023 से पूर्व के लंबित बिजली बिलों का निराकरण आसान हो गया है और उपभोक्ताओं को आर्थिक राहत मिल रही है।योजना का लाभ लेने के लिए पात्र उपभोक्ताओं को 30 जून 2026 तक पंजीयन कराना अनिवार्य है। पंजीयन के समय बकाया राशि का न्यूनतम 10 प्रतिशत भुगतान करना आवश्यक होगा।जिला प्रशासन एवं विद्युत वितरण कंपनी ने जिले के सभी पात्र उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे अंतिम तिथि से पूर्व पंजीयन कराकर शासन की इस जनहितकारी योजना का अधिकतम लाभ उठाएं।