विकास नंद/ सर्वव्यापी/

राजधानी रायपुर के सरोना स्थित शुभम “के मार्ट” में उस समय लोग आश्चर्यचकित रह गए जब जीएसटी बचत उत्सव को लेकर जनभावनाओं से रूबरू होने स्वयं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय वहां पहुंचे।
मुख्यमंत्री ने आम ग्राहक की तरह घरेलू सामान की खरीदारी की और जीएसटी दरों में कटौती से मिले लाभ को परखा। उन्होंने 1,645 रुपये का सामान खरीदा और यूपीआई से भुगतान भी किया।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने ग्राहकों से आत्मीय बातचीत की। गृहिणियों से घरेलू बजट पर असर की जानकारी ली, युवाओं और वरिष्ठ नागरिकों से चर्चा की और कहा—”सुधार का असली मकसद यही है कि इसका लाभ आम जनता तक पहुंचे।” मुख्यमंत्री ने लोगों को स्वदेशी मुहिम से जुड़ने का भी आग्रह किया, जिस पर मौजूद लोगों ने सकारात्मक प्रतिक्रिया दी।खरीदारों ने बताया कि दवाइयों, राशन और स्टेशनरी सस्ते होने से उन्हें बड़ी राहत मिली है।

अवंती विहार निवासी लद्दाराम नैनवानी ने कहा कि पहले नोटबुक पर 12 प्रतिशत टैक्स लगता था, जिसे अब शून्य कर दिया गया है, इससे शिक्षा पर खर्च कम हुआ है। वहीं चंगोराभाटा निवासी देवांगन दंपति ने बताया कि उनके मासिक बजट में 10 प्रतिशत की कमी आई है। कई खरीदारों ने कहा कि त्योहारी सीजन में इस बार बचत वास्तव में महसूस हो रही है।लोगों ने इसे सिर्फ “जीएसटी कटौती” नहीं बल्कि “बचत क्रांति” बताया।
रिटायर्ड एयरफोर्स अधिकारी टी. पी. सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हुए सुधार को भविष्य में ऐतिहासिक बजट क्रांति के रूप में याद किया जाएगा।जीएसटी सुधारों से बाजारों में रौनक बढ़ी है और लोग लगातार अधिक सामान खरीद रहे हैं।
त्योहारी सीजन में जीएसटी दरों में कटौती आम जनता के लिए बड़ी राहत लेकर आई है।


